|| श्री गणेशाय नमः ||
कल्याण
गीता प्रेस गोरखपुर से प्रकाशित आध्यात्मिक मासिक पत्रिका
(Kalyan is a monthly spiritual magazine in Hindi published by Gita Press Gorakhpur)

अगर किसी पाठक को आध्यात्मिक जिज्ञासा है तो वह इमेल gita.kalyan@yahoo.in पर संपर्क कर सकते हैं
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आप कल्याण संबंधित जानकारी के लिये सीधे फोन नंबर 09235400242, 09235400244 पर गोरखपुर कल्याण कार्यालय
से संपर्क कर सकते हैं। कार्यालय का समय 09:00 से 12:30 एवम् 13:00 से 17:00, सोमवार से शनिवार।

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भगवत्कृपा से गीता प्रेस का कार्य सुचारु रूप से चल रहा है। गीता प्रेस में किसी प्रकार का अनुदान (डोनेशन) नही लिया जाता है।
गीता प्रेस के नाम पर किसी भी व्यक्ति अथवा संस्था को अनुदान न दें।


गीता प्रेस के बारे में
गीता प्रेस की स्थापना  1923 में  गीता को जन मानस तक पहुचाने के उद्देश्य से हुयी थी।

गीता प्रेस गोबिन्द भवन कार्यालय की एक ईकाई है।

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कल्याण - एक परिचय

भगवत्कृपा से कल्याण का प्रकाशन ईस्वी सन 1926 से लगातार हो रहा है। इस पत्रिका के आद्य संपादक नित्यलीलालीन भाईजी श्री हनुमान प्रसाद जी पोद्दार थे। कल्याण के प्रथम अंक में प्रकाशित संपादकीय वक्तव्य पठन सामग्री में उधृत है।

आध्यात्मिक जगत में कल्याण के विशेषांकों का संग्रहणीय साहित्य के रूप में प्रतिष्ठित स्थान है। प्रतिवर्ष जनवरी माह में साधकों के लिये उपयोगी किसी आध्यात्मिक विषय पर केंद्रित विशेषांक प्रकाशित होता है। शेष ग्यारह महीनों में प्रतिमाह पत्रिका प्रकाशित होती है।

अब तक प्रकाशित विशेषांकों की सूची बाँयी ओर अंकित लिंक पर क्लिक कर के देखी जा सकती है। इनमें से अधिकांश विशेषांकों को पाठको की मांग को देखते हुये पुस्तक रूप में पुनर्मुद्रित किया गया है जिसे गीता प्रेस की पुस्तक दुकानों से प्राप्त किया जा सकता है। गीता प्रेस की पुस्तक दुकानों की सूची पते सहित 
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प्रतिमाह प्रकाशित होने वाली कल्याण मासिक पत्रिका के नवीन अंक इस पृष्ठ पर प्रकाशित हैं और पुराने विशेषांको के कुछ चयनित अंश दाहिनी तरफ पठन सामग्री में प्रकाशित हैं, जिससे इंटरनेट का उपयोग करने वाले पाठकगण लाभान्वित हो सकें।

संपादक : श्री राधेश्याम खेमका
सह-संपादक : डाo प्रेम प्रकाश लक्कड़










पठन सामग्री
प्रार्थना
कल्याण  की  आवश्यकता (संपादकीय निवेदन)
प्रवेशांक (1926)
भगवन्नाम अंक (1927)
भक्त अंक (1928)
श्रीमद्भगवद्गीता अंक (1929)
ईश्वर अंक (1932)
शक्ति अंक (1934)
योग अंक (1935)
साधना अंक (1940)
नारी अंक (1948)
उपनिषद अंक (1949)
भक्त-चरित अंक (1952)
बालक अंक (1952)
नारद-विष्णु पुराण अंक (1954)
संतवाणी अंक (1955)
सत्कथा अंक (1956)
भक्ति अंक (1958)
मानवता अंक (1959)
योग वाशिष्ठ अंक (1961)
धर्म अंक (1966)
अग्नि पुराण अंक (1970)
गर्ग संहिता अंक (1971)
सदाचार अंक (1978)
सूर्य अंक (1979)
निष्काम कर्म योग अंक (1980)
वामन पुराण अंक (1982)
चरित्र निर्माण अंक (1983)
मत्स्य पुराण अंक (1985)
योगतत्त्व-अंक (1991)
अवतार कथा अंक (2007)
देवी भागवत-1 अंक  (2008)
देवी भागवत-2 अंक  (2009)
जीवनचर्या अंक (2010)
दानमहिमा अंक (2011)
भक्तमाल अंक (2013)
सेवा अंक (2015)
गंगा अंक (2016)
2016 गीता प्रेस गोरखपुर. समस्त अधिकार सुरक्षित